सस्ता चोर! मामूली दाम में बिक रहा है मैक-विंडोज को टारगेट करने वाला मैलवेयर, खरीदने के लिए 69 देशों के हैकर्स तैयार

सस्ता चोर! मामूली दाम में बिक रहा है मैक-विंडोज को टारगेट करने वाला मैलवेयर, खरीदने के लिए 69 देशों के हैकर्स तैयार
Share This :
सस्ता चोर! मामूली दाम में बिक रहा है मैक-विंडोज को टारगेट करने वाला मैलवेयर, खरीदने के लिए 69 देशों के हैकर्स तैयार
सस्ता चोर! मामूली दाम में बिक रहा है मैक-विंडोज को टारगेट करने वाला मैलवेयर, खरीदने के लिए 69 देशों के हैकर्स तैयार
साइबर शोधकर्ताओं ने गुरुवार को चेतावनी दी कि डार्क वेब पर सिर्फ 3,600 रुपये ($49) से थोड़ा अधिक में उपलब्ध एक मैलवेयर हैकर्स को मैक और विंडोज उपयोगकर्ताओं की जानकारी चुराने में मदद कर रहा है।

चेक प्वाइंट रिसर्च (सीपीआर) ने बताया कि “Xloader” के रूप में जाना जाने वाला मैलवेयर स्ट्रेन मैकओएस उपयोगकर्ताओं की जानकारी चुराने के लिए डेवलप किया गया है।

डार्कनेट पर कम से कम $49 के लिए, हैकर्स नए मैलवेयर के लिए लाइसेंस खरीद सकते हैं, जो यूजर के डिवाइस में घुसपैठ कर लॉग-इन क्रेडेंशियल्स को काटने, स्क्रीनशॉट इकट्ठा करने, कीस्ट्रोक लॉग करने और दुर्भावनापूर्ण फ़ाइलों को एग्जीक्यूट करने की क्षमताओं को सक्षम करते हैं।


इसे खरीदने के लिए 69 देशों के हैकर्स तैयारहैरान करने वाली बात यह है कि, इसे पीड़ित लगभग 53 प्रतिशत यूजर्स अमेरिका में रहते हैं, जिसमें मैक और विंडोज दोनों उपयोगकर्ता शामिल हैं, जबकि 69 देशों के हैकर्स ने इस मैलवेयर को खरीदने के लिए रिक्वेस्ट की है।

लोगों को ऐसे बनाया जाता है शिकारशोधकर्ताओं ने नोट किया कि मैलिशियल माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस डॉक्यूमेंट्स वाले नकली ईमेल के माध्यम से पीड़ितों को मैलवेयर स्ट्रेन डाउनलोड करने के लिए बरगलाया जाता है।

चेक प्वाइंट सॉफ्टवेयर में साइबर रिसर्च के प्रमुख यानिव बाल्माड ने कहा- “यह मैलवेयर अपने पूर्ववर्तियों की तुलना में कहीं अधिक मैच्योर और प्रभावशाली है, जो विभिन्न ऑपरेटिंग सिस्टम, विशेष रूप से मैकओएस कंप्यूटरों को सपोर्ट करता है। ऐतिहासिक रूप से, मैकओएस मैलवेयर इतना आम नहीं रहा है। वे आम तौर पर ‘स्पाइवेयर’ की श्रेणी में आते हैं, जिससे बहुत अधिक नुकसान नहीं होता है।”

जबकि विंडोज और मैकओएस मैलवेयर के बीच अंतर हो सकता है, समय के साथ यह अंतर धीरे-धीरे खत्म हो रहा है। बाल्माड ने कहा- “सच्चाई यह है कि मैकओएस मैलवेयर बड़ा और अधिक खतरनाक होता जा रहा है। हमारे हालिया निष्कर्ष एक आदर्श उदाहरण हैं और इस बढ़ती प्रवृत्ति की पुष्टि करते हैं,” ।

XLoader” प्रसिद्ध “फॉर्मबुक” मैलवेयर परिवार का डेरिवेटिव है, जो मुख्य रूप से विंडोज उपयोगकर्ताओं को लक्षित करता है, लेकिन 2018 में बिक्री से गायब हो गया।

फॉर्मबुक को 2020 में XLoader में रीब्रांड किया गयापिछले छह महीनों में, CPR ने XLoader की गतिविधियों का अध्ययन किया, जिसमें ये पाया कि XLoader विपुल है, जो न केवल विंडो बल्कि मैक उपयोगकर्ताओं को भी लक्षित कर रहा है।

बचने के लिए करें ये उपायइससे से बचने के लिए, शोधकर्ता मैक और विंडोज दोनों उपयोगकर्ताओं को सलाह देते हैं कि वे संदिग्ध अटैचमेंट न खोलें, संदिग्ध वेबसाइटों पर जाने से बचें और अपने कंप्यूटर पर दुर्भावनापूर्ण व्यवहार को पहचानने और रोकने में मदद करने के लिए थर्ड पार्टी प्रोटेक्शन सॉफ़्टवेयर का उपयोग करें।

Share This :